गर्मी से बचने के तरीक़े

Posted Star News Agency Tuesday, June 30, 2015


सरफ़राज़ ख़ान
गर्मियों की शुरुआत होते ही हार्ट क्रैम्प्स, हीट एग्जॉशन, हीट स्ट्रोक, टायफाइड, ज्वाइंडिस और डायरियां जैसी बीमारियां होने लगती हैं. गर्मी से जुड़ी समस्याएं या तो बहुत ज्यादा गर्मी के होने या फिर बहुत कम गर्मी के खोने से होती हैं। केयर फाउंडेशन ऑफ इंडिया के अध्यक्ष डॉ. के के अग्रवाल कहते हैं कि थोड़ी-सी सावधानी बरत कर गर्मी के मौसम में होने वाली बीमारियों से बचा जा सकता है. जैसे :
  • प्रचंड गर्मी के दौरान परिश्रम वाले कामों से परहेज करना चाहिए।
  • पसीने से फ्ल्यूड्स और नमक की कमी हो जाती है जिसको हल्के नमक वाले भोजन और पेयों जैसे- नींबू पानी से हासिल किया जा सकता है।
  • पर्याप्त मात्रा में तरल पदार्थ की भरपाई के लिए लगातार पानी पीने की जरूरत होती है, भले ही आपको प्यास न लगी हो।
  • जब गर्मी के माहौल में परिश्रम करने से परहेज करें साथ ही उचित मात्रा में तरल पेय लें ताकि आपकी त्वचा ठंडी रहे साथ ही आपके बदन का तापमान भी सामान्य रहे।
  • जो लोग घर के बाहर की गतिविधियों में ज्यादा शामिल रहते हैं उन्हें चाहिए कि वे अधिक से अधिक पेय लेने से रक्त में सोडियम मिल सकता है। नमक का सेवन करने से इस समस्या से निजात पाई जा सकती है। ऐसी जगह जहां पर वेंटीलेशन नहीं होता जैसे कि कार में अचानक से तापमान बढ़ जाता है। गर्मी के दिनों में बंद कार के अंदर का तापमान 15 मिनट के भीतर 80 से 120 डिग्री फारेनहाइट हो सकता है। बच्चों और पालतू पशुओं को ऐसे कभी नहीं छोड़ना चाहिए भले ही कुछ मिनटों के लिए क्यों न हो।
  • इस मौसम में भोजन और पानी के दूषित होने के बारे में भी विशेष सावधानी बरतें।
  • कभी भी कटे हुए फल और सब्जियां न खाएं। हमेशा इस नुस्खे को अपनाएं कि पहले पकाएं, उबालें, छीले और गरम किये बगैर नहीं ले या छोड़ दें है।

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