स्टार न्यूज़ एजेंसी
नई दिल्ली. देश में 36,165 खतरनाक कचरा उत्पन्न करने वाले उद्योग हैं। इनमें 6.2 मिलियन टन खतरनाक कचरा प्रतिवर्ष उत्पन्न होता है, जिसमें से 2.7 मिलियन टन कचरा भराव के लायक, 0.41 मिलियन टन दाह योग्य और 3.08 मिलियन टन खतरनाक कचरा पुनर्चक्रण के लायक होता है।

पर्यावरण और वन मंत्रालय ने खतरनाक कचरे के उचित प्रबंधन और निपटान के लिए खतरनाक कचरा (प्रबंधन, निपटान और सीमापार यातायात) नियमावली, 2008 को अधिसूचित किया है। पुन: प्रयोग लायक कचरे प्रसंस्कृत करने के बाद उद्योगों द्वारा पुन: प्रयोग किये जाते हैं जिनके पास संबंधित राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड द्वारा जारी वैध अनुज्ञप्ति होती है।

0 Comments

Post a Comment

मौसम

Subscribe via email

Enter your email address:

Delivered by FeedBurner

Search

कैमरे की नज़र से...

Loading...

इरफ़ान का कार्टून कोना

इरफ़ान का कार्टून कोना
To visit more irfan's cartoons click on the cartoon

ई-अख़बार

उत्तर प्रदेश में किसकी सरकार बनेगी?

Blog

  • राहुल ने दिखाया विकास का सपना - *फ़िरदौस ख़ान* कांग्रेस के युवराज राहुल गांधी उत्तर प्रदेश में चुनाव प्रचार की बागडोर संभाले हुए हैं. अपनी जनसभाओं में वह जिस तरह सांप्रदायिकता, जातिवाद, ...
  • नारी का मन... - *फ़िरदौस ख़ान* एक नारी का मनप्रेमियों के बिना शायद स्थिर नहीं रह पाता...क्या यह सच है...? क्या नारी का मन सचमुच इतना चंचल होता हैकि उसे स्थिर रखने के लिए ए...