तन्हाई का मौसम...
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जब
ज़िन्दगी की वादियों में
तन्हाई का मौसम हो
और
अरमान
पलाश से दहकते हों...
तब
निगाहें
तुम्हें तलाशती हैं...
जबकि
दिल जानता है
तुम कभी नहीं आओगे...
*-फ़िरदौस ख़...
गन्ने पर दंगल !
दिल्ली जाकर राजनीति की, रोटी सेंक रहा है जंगल ??
दिल्ली में सर्दी बढ़ी !
देहातों की ठिठुरन देखी, उनकी कोई न्यूज़ पढ़ी ??
विभिन्न कार्यक्रम !
किसमें, कौन, कहां शामिल हो, इसका बना हुआ है अब भ्रम !!
आयकर-सर्वे !
आय भले ही कुछ ना पर, टैक्स जमा तू, फिर भी कर, बे !!
हड़कंप मचा !
जो भी छोड़-छाड़ कर भागे, उसमें से कुछ हमें बचा ??
हर वक़्त जाम !
एक इंच आगे बदने में, हमें सुबह से हो गयी शाम !!
गोलीबारी !
गोली ने गन से यह बोला, "आदत है यह ग़लत तुम्हारी !!"
उदासीनता !
हर अफसर पब्लिक की खुशियां, आसानी से छीनता !!
कोहराम !
इसे मचाकर ही करना है, खर्राटे लेकर आराम !!
कालाबाज़ारी !
कितने प्रतिशत पर ठहरी थी, बात हमारी और तुम्हारी ??
गिरफ्तार !
'ले-देकर' फिर छूट जाएंगे, यह सब तो चलता है, यार !!
-अतुल मिश्र
आज का दिन
22 रबी अल-अव्वल, हिजरी सन् 1431, 10 मार्च 2010 बुधवार. तिथि संवत : चैत्र कृष्ण दशमी, संवत् 2066, शाके- 1931, रवि उत्तरायने, वसंत ऋतु. सूर्योदय कालीन नक्षत्र : पूर्वाषाढ़ा अपराह्न् 4.12 तक, पश्चात उत्तराषाढ़ा नक्षत्र, वरियान योग तथा विष्टि करण. ग्रह विचार : सूर्य, बुध, गुरु-कुंभ, शुक्र-मीन, केतु-मिथुन, मंगल-कर्क, शनि-कन्या तथा चंद्र, राहु-धनु में. चौघड़िया मुहूर्त : प्रात: 6.40 से 8.09 तक लाभ, प्रात: 08.09 से 9.39 तक अमृत, प्रात: 11.08 से 12.37 तक शुभ, अपराह्न् 3.35 से 5.04 तक चंचल, सायं 5.04 से 6.34 तक लाभ, रात्रि 9.35 से 11.06 तक अमृत. राहुकाल : दोपहर 12.37 से 2.06 तक. शुभ अंक- 9, शुभ रंग- गुलाबी

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