स्टार न्यूज़ एजेंसी
नई दिल्ली. वित्त मंत्री प्रणब मुखर्जी ने आज लोक सभा मे वर्ष 2010-11 का आम बजट पेश करते हुए आंतरिक अनुसंधान और विकास पर उपगत व्यय पर भारित कटौती 150 प्रतिशत से बढ़ाकर 200 प्रतिशत करने की घोषणा की है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रपति ने जून 2009 में संसद में अपने अभिभाषण में इस दशक को नवोन्मेष दशक के रूप में घोषित किया था। इसी के तहत एक छोटी नकारात्मक सूची को छोड़कर सभी विनिर्माण व्यवसायों के लिए आंतरिक अनुसंधान और विकास पर उपगत व्यय पर दी जाने वाली भारित कटौती का कार्य क्षेत्र बढ़ाया गया है।
उन्होंने कहा कि वैज्ञानिक अनुसंधान के लिए राष्ट्रीय प्रयोगशालाओं, अनुसंधान संघों, महाविद्यालयों, विश्वविद्यालयों तथा अन्य संस्थानों को किए गए भुगतानों पर भारित कटौती को 125 से बढ़ाकर 175 प्रतिशत तक किए जाने का प्रस्ताव है।
प्रणब मुखर्जी ने सदन को बताया कि समाज विज्ञानों में अनुसंधान और सांख्यिकीय अनुसंधान में लगे अनुमोदित संघों को किए गए भुगतानों को 125 प्रतिशत की भारित कटौती की अनुमति देने का भी प्रस्ताव है।
